विभाग | पशु पालन विभाग |
योजना का नाम | स्वरोजगार हेतु कृत्रिम गर्भाधान का प्रशिक्षण |
हितग्राही मूलक है या नही | हाँ |
अधिकार क्षेत्र | राज्य प्रवर्तित योजना |
योजना का उद्येश्य | रोजगार तथा नस्ल सुधार कर दुग्ध उत्पादन में व़द्वि करना । |
लाभार्थी के लिए आवश्यक शर्ते / लाभार्थी चयन प्रक्रिया | सभी वर्ग के प्रशिक्षित गौसेवकों रु. 4000/- मानदेय एवं रु. 18000/- के उपकरण । |
लाभार्थी वर्ग | सभी के लिए |
लाभार्थी का प्रकार | बेरोजगार |
लाभ की श्रेणी | रोजगार ,पशुपालन |
योजना का क्षेत्र | Urban and Rural |
आवेदन/संपर्क/पंजीयन/प्रशिक्षण कहाँ करें | उपसंचालक पशु चिकित्सा सेवाएं कार्यालय में आवेदन,संपर्क, पंजीयन करेंं
भारत सरकार से मान्यता प्राप्त क्रत्रिम गर्भाधान प्रशिक्षण संस्थाओं में कुल 3 माह का निशुल्क प्रशिक्षण प्रदान किया जाता है जिसमें एक माह का सैद्धांतिक तथा दो माह का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाता है |
पदभिहित अधिकारी | उपसंचालक पशु चिकित्सा सेवाएं कार्यालय में |
आवेदन प्रक्रिया | मैत्री प्रशिक्षण हेतु पूर्व से चयनित गौसेवक अथवा दसवी पास बेरोजगार 18 वषर् से अधिक आयु के युवकों को जाे उसी पंचायत का निवासी हो लक्ष्य अनुसार जिले के उपसंचालक द्वारा चयन किया जाता है |
आवेदन शुल्क | निशुलक |
अनुदान /ऋण /वित्तीय सहायता /पेंशन/लाभ की राशि | प्रशिक्ष्ाण उपरांत प्रमाण पत्र प्राप्त होनेपर मैत्री को राशि रू 50000की क्रत्रिम गर्भाधान किट तरल नत्रजन पात्र तथा पशु को नियंत्रित करनेहेतु एक ट्रेविस जिले के उपसंचालक के साथ अनुबंध कर निशुल्क प्रदान किए जाते है। |
अपडेट दिनांक | 11/11/2022 11:28:31 AM |