योजना की जानकारी

विभागकुटीर एवं ग्रामोद्योग विभाग
योजना का नाम टसर रेशम विकास एवं विस्तार,
हितग्राही मूलक है या नहीहाँ
अधिकार क्षेत्रराज्य प्रवर्तित योजना
योजना कब से प्रारंभ की गयी01-09-1984
योजना का उद्येश्यप्रदेश में संचालित शासकीय टसर केन्द्रों तथा बनखण्डो में नेसर्गिक रूप से उपलब्ध अर्जुन/साज के पौधो पर टसर रेशम कृमिपालन का कार्य आदिवासी बाहुल्य क्षेत्र में क्रियान्वित किया जाता है। इस योजना के माध्यम से आदिवासी एंव दूरस्थ ग्रामीण अंचल के विशेषकर महिलाओं को स्वरोजगार उपलब्ध कराया जाता है।
लाभार्थी के लिए आवश्यक शर्ते / लाभार्थी चयन प्रक्रियासमस्‍त वर्ग एवं समस्‍त आय श्रेणी के स्‍थानीय कृषक जो वनक्षेत्रों में कार्य करने के इच्‍छुक है।
लाभार्थी वर्गसभी के लिए
लाभार्थी का प्रकारस्वरोजगार
लाभ की श्रेणीरोजगार
योजना का क्षेत्रRural
आवेदन/संपर्क/पंजीयन/प्रशिक्षण कहाँ करेंप्रदेश के नर्मदापुरम, हरदा, बैतूल, छिन्‍दवाडा, बालाघाट, सिवनी, मण्‍डला, डिण्‍डौरी, नरसिंहपुर, जबलपुर, कटनी, शहडोल, अनूपपुर, सीधी, सिंगरौली, झाबुआ, अलीराजपुर जिलो में टसर रेशम गतिविधियां संचालित है। जिलों में 35 टसर पीपीसी केन्द्रों एवं वनखण्डों में नैसर्गिक रूप से उपलब्ध अर्जुन / साज के पौधों पर टसर रेशम कृमिपालन का कार्य आदिवासी बाहुल्य क्षेत्र में क्रियान्वित किया जाता है। इस योजना के माध्यम से आदिवासी एवं दूरस्त ग्रामीण अंचल के गरीब लोगों को स्वरोजगार के साधन उपलब्ध कराये जाते है।
पदभिहित अधिकारी जिला रेशम अधिकारी
समय सीमामाह जुलाई में कार्य प्रारंभ होने के पूर्व
आवेदन प्रक्रियानजदीकी रेशम केन्‍द्र के माध्‍यम से
आवेदन शुल्कशून्‍य
अपीलरेशम संचालनालय
अनुदान /ऋण /वित्तीय सहायता /पेंशन/लाभ की राशि • प्रति हितग्राही प्रति हेक्टेयर के मान से अर्जुन / साज का पौध का क्षेत्र उपलब्ध कराया जाता है। • कृमिपालन उपकरण • रियायती दरों पर स्वस्थ्य समूह • चूना एवं विसंक्रमण सामग्री के उपयोग हेतु 9/- प्रति स्वस्थ समूह के मान से सहायता दी जाती है।चूना एवं विसंक्रमण सामग्री के उपयोग हेतु 9/- प्रति स्वस्थ समूह के मान से सहायता दी जाती है।
हितग्राहियों को राशि के भुगतान की प्रक्रिया / हितग्राहियों को ऋण एवं अनुदान की व्यवस्था /वित्तीय प्रावधानहितग्राहियों को उनके उत्‍पाद का निर्धारित दरों पर मध्‍यप्रदेश सिल्‍क फेडरेशन द्वारा आनलाइन भुगतान।
योजना से सम्बंधित दस्तावेज संलग्न करेंवर्ष 2019-20 के हितग्राहियों को उनके कार्यों की किश्तों का लंबित भुगतान विशेष अभियान की समय सीमा में करना सुनिश्चित करें।
अपडेट दिनांक20-05-2026 13:16:50

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